rain_in_mandsour_2016821_205536_21_08_2016

अंचल में दो दिन हुई बारिश आफत बनकर आई। मंदसौर में शिवना नदी 25 घंटे से भी अधिक समय तक उफान पर रही। 22 साल बाद श्री पशुपतिनाथ महादेव का गर्भगृह पूरा डूब गया। मूर्ति का पूर्ण जलाभिषेक लगभग 17 घंटे तक हुआ। रविवार शाम 4 बजे बाद नदी का पानी धीरे-धीरे उतरने लगा। 24 घंटों में सैलाना में 12 और रतलाम में 8 इंच बारिश हुई।

ग्राम बड़ायला माताजी में 6 माह पूर्व निर्मित तालाब फूटने से पानी खेतों में घुस गया। शाजापुर में कलेक्टर ने सोमवार को स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी है।

मंदसौर में शिवना में बाढ़ से बुगलिया व तेलिया तालाब की वेस्टवियर का पानी अशोक नगर, राजीव नगर व अन्य बस्तियों में घुस गया। यहां नगर पालिका की नाव व अन्य साधनों से 60 परिवारों को स्कूलों में ठहराया गया। शिवना नदी में 1994 के बाद इतनी जबर्दस्त बाढ़ आई है, उस समय पूरा गर्भगृह डूब गया था, पानी गणेश मंदिर तक पहुंच गया था।

इस बार उससे थोड़ी दूरी पर रह गया। वहीं 2006 में भगवान पशुपतिनाथ का पूर्ण जलाभिषेक हुआ था। गांधीसागर बांध का जलस्तर भी शाम तक 1305 फीट तक पहुंच गया है। बांध में 5 लाख क्यूसेक पानी की आवक के चलते रविवार रात में या सोमवार सुबह गेट खोलने की स्थिति बन सकती है। शहर में 30 वर्ष पूर्व धूलकोट बांध दरार आने से नरसिंहपुरा में पानी भरा था, तब नाव चली थी।

सुखेड़ा जलमग्न, गुमटियां बहीं

रतलाम जिले में तीसरे दिन रविवार दोपहर तक लगी रही। ग्राम बड़ायला माताजी में 6 माह पूर्व निर्मित तालाब फूटने से पानी खेतों में घुस गया। सुखेड़ा में निनोर व रोजड़ी नदी में बाढ़ से पूरा गांव जलमग्न हो गया। नदी के आसपास रखी गुमटियां भी पानी में बह गईं। आलोट-ताल क्षेत्र में बहने वाली चंबल-शिप्रा नदी खतरे के निशान पर पहुंच गई। ग्रामीण क्षेत्रों में पुल-पुलियाओं, रपटों पर पानी आने से अधिकांश मार्ग दोपहर तक बंद रहे।चौबीस घंटों में सैलाना में सर्वाधिक करीब 12 इंच और रतलाम में करीब 8 इंच बारिश हुई।

आगर में 7 और शाजापुर में 4.5 इंच, महिला का शव मिला

शाजापुर में औसत 4.5 इंच और आगर में 7 इंच बारिश दर्ज की गई। बारिश से चीलर व लखुंदर डेम लबालब हो गए। मक्सी के पास लखुंदर डेम ओवरफ्लो हो गया। वहीं आगर का टिल्लर डेम भी लबालब हो गया है। लखुंदर, कालीसिंध नदी रविवार को भी उफान पर रही। करेड़ी पुलिया से 10 से 12 फीट ऊपर से लखुंदर नदी बही। राजस्थान के पिड़ावा मार्ग स्थित ग्राम बाल्दा की रपट पर सुसनेर की कार के साथ बही महिला का शव रविवार को मिला।

नीमच जिले में अब रिमझिम बारिश का दौर चल रहा है। नीमच-सिंगोली रोड ताल नदी के उफान के कारण कुछ देर बंद रहा। सिंगोली-पटियाल मार्ग शुक्रवार से ही बंद है। जिले की कई बस्तियों में अब भी पानी है। प्रशासन रेस्क्यू अभियान चला रहा है। जीरन क्षेत्र के अगोरिया में वाटर शेड योजना का तालाब फूटने से 100 बीघा से अधिक जमीन की फसल बर्बाद हो गई।

झाबुआ जिले में पौने तीन इंच बारिश हुई। क्षेत्र के सभी जलाशय ओवरफ्लो होने से लोगों को पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। आलीराजपुर विकासखंड में 2इंच, जोबट में 2 से अधिक उदयगढ़ में 3 इंच बारिश हुई।

मंदसौर में 22 साल बाद पशुपतिनाथ का गर्भगृह डूबा

| उत्तर प्रदेश | 0 Comments
About The Author
-