लखनऊ। नोटबंदी को लेकर बसपा प्रमुख मायावती ने एक बार फिर पीएम मोदी और भाजपा पर हमला बोला है। मंगलवार को एक प्रेस कॉन्‍फ्रेंस करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी की ही नीति गरीब तथा किसान की विरोधी है। भारतीय जनता पार्टी को अपने बहुमत का अहंकार है है। इनकी सभी नीतियां अभिशाप साबित हो रहीं हैं। देश में काला धन तथा भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के नाम पर भाजपा अब अत्याचार कर रही है।

भाजपा के फैसले के कारण ही लाइन में लगे सैकड़ों लोगों की मौत भी हुई थी। देश की अधिकांश जनता नोटबंदी से परेशान है। अब तो इनके अच्छे दिन के आसार बहुत कम दिख रहे हैं। इनका हर फैसला तथा नीति गरीब विरोधी है।

 

मायावती ने कहा कि भाजपा का नोटबंदी का फैसला अपरिपक्व तथा बिना किसी तैयारी के था। नोटबंदी से देश की 90 प्रतिशत जनता परेशान है है। इनका नोटबंदी का फैसला काला अध्याय के रूप में दर्ज होगा। इनको इतना बड़ा निर्णय लेने से पहले पूरी तैयारी करनी थी, लेकिन हर बार की तरह यह देश के संकट में डाल रहे हैं। अब इनको यह निर्णय करना होगा जिससे कि देश की जनता के लिए कोई परेशानी न आए। नोटबंदी जैसी मुसीबत दोबारा न आये। बसपा सुप्रीमो की प्रेस कांफ्रेंस का आयोजन पार्टी कार्यालय में किया गया।

 

मायावती ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को काला धन के साथ ही सभी भ्रष्टाचार पर जवाब देना चाहिए। कम से यह तो बताएं कि अब तक कितना कालाधन पकड़ा गया। बिना कोई जवाब के वह रोज नया शिगूफा छोड़ते जा रहे हैं। कल से कम इतना ही बता दें कि गरीबों को मकान देने का वादा क्या हुआ। अब तो नोटबंदी के 50 दिन पूरे हो गए हैं। अभी भी जनता को राहत नहीं मिली है। अब लोगों के मन में भारतीय जनता पार्टी के प्रति भारी आशंकाएं पैदा हो रही हैं।

लखनऊ की रैली पर मायावती ने कहा कि भाजपा की रैली में भाड़े के लोग जुटाए गये थे। भारतीय जनता पार्टी अब अपनी विफलताओं को छिपा रही है। इनका गरीबों को 15 लाख देने का जुमला झूठा साबित हुआ है। काला धन को यह लोग अभी तक उजागर नही कर सके। अब तो कम से कम लोगों को अपने हिसाब से खर्च की आजादी मिले। प्रधानमंत्री को कम से कम 2017 में सद्बुद्धि आए। बीजेपी के दावे झूठे साबित हो रहे है। कम से कम नया वर्ष जन पीड़ादायी वर्ष साबित न हो। आम जनता अपने पैसे के लिए लाचार है।

 

मायावती ने कहा कि प्रदेश में दलित व मुस्लिम वर्ग का वोट मिलने से बसपा जीत दर्ज करेगी। इस बार तो पिछड़ा वर्ग के साथ सवर्ण जाति के लोग भी बसपा को वोट देंगे। प्रदेश में यादव वोट 60-70 सीटों पर निर्णायक है। इन सबके बीच भी कांगेस को वोट देना तो बीजेपी को फायदा पहुंचाने जैसा। जनता एकतरफा बीएसपी को वोट दे। सपा परिवार में वर्चस्व को लेकर घमासान मचा है। सपा में झगड़े से अब तो यादव वोट दो हिस्सों में बंट गया है।

 

 

भाजपा की नीतियां गरीब विरोधी: मायावती

| उत्तर प्रदेश, लखनऊ | 0 Comments
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