kidney-sell_17_08_2016

मुंबई। किडनी की खरीद फरोख्त का धंधा अब तो सोशल मीडिया पर भी चल रहा है। फेसबुक परआई वान् टू सेल माय किडनीनाम से पेज बना हुआ है। ऐसे कुछ और पेज भी हैं जिन्हें देखकर साफ है कि ज्यादातार लोग फेसबुक पेज पर किडनी दान करने के लिए संदेश इसलिए पोस् करते हैं क्योंकि अभी भारत के ऑर्गन डोनेशन के कानून से वे अनजान है। साथ ही इसका एक दूसरा पहलू यह भी है कि किडनी रैकेट संचालित करने वाले गिरोहों से जुड़े लोग किडनी दान करने वालों को लालच देकर इससे बड़े स्तर पर पैसा कमाने की कोशिश में हैं।

यह मामला तब प्रकाश में आया है जबकि मुंबई, अकोला, गुरुग्राम और गुजरात के आनंद जिले में जानेमाने अस्पतालों में किडनी रैकेट्स के भंडाफोड़ की खबरें रही हैं। महाराष्ट्र की स्टेट ह्यूमन ऑर्गन ट्रांसप्लांट यूनिट को हाल ही यह पता लगा कि फेसबुक परआई वान्ट टू सेल माय किडनीनाम से पेज चल रहे हैं। इन पेजों को देखकर संदेह हुआ तो उन्होंने इसे गंभीरता से लिया।

कैमरे में कैद हुआ रेगिस्तान में घूमता रहस्यमयी प्राणी

महाराष्ट्र की स्टेट ह्यूमन ऑर्गन ट्रांसप्लांट यूनिट की मुखिया और सहायक निदेशक गौरी राठौड़ ने कहा कि जब उन्हें ऐसे फेसबुक पेजों के बारे में पता लगा तो वह आश्चर्यचकित हो गईं। उन्होंने कहा कि लोगों को शायद यह नहीं मालूम कि खुलेआम किडनी दान करने की पेशकश करना अपराध की श्रेणी में आता है। इससे जेल की हवा भी खानी पड़ सकती है। सोशल मीडिया को किडनी रैकेट चलाने वाले गिरोह गलत हथियार के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं। सायबर सेल की मदद ली जा रही है और मामले की तह तक जाने की कोशिश जारी है।

फेसबुक पर हो रही है किडनी की खरीद-बिक्री

| उत्तर प्रदेश | 0 Comments
About The Author
-