sting-operation_1463172807

भाजपा ने उत्तरांचल पावर कारपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) के एमडी एसएस यादव की सीडी सार्वजनिक कर उन पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया।

सीडी में यादव रुपयों से भरा पैकेट उठाकर कमरे के अंदर जाते हुए दिखाई दे रहे हैं। यह सीडी कहां की है? कब बनाई गई? रुपयों से भरा पैकेट उनको कौन दे रहा है? इसका जवाब भाजपा ने तो नहीं दिया। पार्टी की ओर से मांग की गई कि यादव इस बात का जवाब दें कि वह इस सीडी में हैं या नहीं।

अगर हैं तो रुपयों से भरा पैकेट उनके पास कहां से आया? भाजपा ने पूरे मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग की है। भाजपा इससे पहले भी यूपीसीएल में भ्रष्टाचार के मामले उठाती रही है। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता विनय गोयल ने बुधवार को पार्टी कार्यालय पर आयोजित प्रेस कांफ्रेंस के दौरान यह सीडी सार्वजनिक की। प्रेस कांफ्रेंस में सीडी चलाकर भी दिखाई गई।
गोयल ने बताया कि उनको यह सीडी किसी शुभचिंतक ने उपलब्ध कराई है। उसका नाम इसलिए सार्वजनिक नहीं किया जा रहा है कि इससे उसकी जान का खतरा हो सकता है। गोयल ने अनुमान के आधार पर बताया कि सीडी रुपयों से भरा पैकेट जो यूपीसीएल के एमडी उठाकर ले जा रहे हैं, उसमें करीब पांच लाख रुपये की रकम है।

गोयल ने कहा कि एसएस यादव मुख्यमंत्री हरीश यादव के चहेते अधिकारी हैं। कायदे कानून को ताक पर रखकर उनको यूपीसीएल का एमडी बनाया गया था। ऊर्जा विभाग मुख्यमंत्री के पास है। ऐसे में मुख्यमंत्री हरीश रावत भी इन सवालों का जवाब दें। गोयल ने मांग की कि मामले की जांच भी सीबीआई द्वारा की जानी चाहिए। प्रमुख सचिव ऊर्जा डा. उमाकांत पंवार का कहना है कि अभी उनको पूरे मामले की जानकारी नहीं है। अगर ऐसी कोई सीडी जारी की गई है तो पहले उसे देखा जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर पूरे मामले की जांच भी कराई जाएगी।

यूपीसीएल के एमडी एसएस यादव बुधवार को अपने कार्यालय गए थे। दोपहर करीब एक बजे उनको पता चला गया कि भाजपा ने उनकी सीडी जारी की है। इसके बाद वह दफ्तर से चले गए। मोबाइल फोन भी उठाना उन्होंने बंद कर दिया।

यादव को एमडी बनाए जाने पर भी उठाया सवाल
भाजपा ने एसएस यादव को यूपीसीएल के एमडी बनाए जाने पर भी सवाल उठाया है। भाजपा के प्रवक्ता विनय गोयल ने कहा कि नियुक्ति के लिए प्रकाशित विज्ञापन की शर्तों में छूट देकर यादव को पिटकुल का प्रबंध निदेशक बना दिया गया। इससे पूर्व वह दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम लिमिटेड में कार्यरत थे।

उनको यहां नियुक्ति देने से पूर्व विजिलेंस क्लीयरेंस नहीं ली गई थी। जबकि यादव पर 2010 में एक कालोनाइजर को अनियमित तरीके से कनेक्शन देकर लाभ पहुंचाने के आरोप में निलंबित किया गया था। गोयल ने कहा कि पिटकुल में नियुक्ति के 10-11 महीने बाद तक वह हरियाणा बिजली वितरण निगम लिमिटेड से पेंशन और पिटकुल उत्तराखंड से पूरा वेतन प्राप्त करते रहे। उन्होंने कहा कि कायदे कानून को ताक पर रखकर यादव को यूपीसीएल का एमडी बना दिया गया। जनवरी 2016 में उनको छह माह का सेवा विस्तार भी दे दिया गया।

भाजपा ने पूछे सात सवाल
भाजपा ने एलटी एक्सएलपीई एबी केबल में घोटाले को लेकर मुख्यमंत्री व यूपीसीएल के एमडी से सात सवाल पूछा है। भाजपा का आरोप है कि एबी केबल के लिए जो निविदा आमंत्रित की गई थी उसकी शर्तों का उल्लंघन किया गया है।

यूपीसीएल ने जानबूझ कर तीन चहेती कंपनियों को टेंडर दे दिया। बाद में इन कंपनियों को करीब 170 करोड़ का काम दिया गया। हालांकि यूपीसीएल के एमडी एसएस यादव ने भाजपा के इन आरोपों को गलत बताया था। इसके बाद बुधवार को भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता विनय गोयल ने इस टेंडर को लेकर सीएम व यूपीसीएल के एमडी से सात सवाल पूछे हैं।

उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन MD का स्टिंग, रुपए से भरा बैग ले जाते दिखे

| उत्तर प्रदेश | 0 Comments
About The Author
-